ऑनलाइन गेमिंग कंपनियों पर सरकार ने कसा शिकंजा, फर्मों को 55 हजार करोड़ रुपए के टैक्स नोटिस भेजे गए

जीएसटी इंटेलिजेंस महानिदेशालय (DGGI) काफी चर्चाओं में है। एक दिन पहले ने डीजीजीआई ने कसीनो ऑपरेटर डेल्टा कॉर्प को करीब 17 हजार करोड़ रुपए का टैक्स नोटिस भेजा था। अब डीजीजीआई की नजरें ऑनलाइन गेमिंग कंपनियों पर है। जानकारी के अनुसार, ऑनलाइन रियल मनी गेमिंग (आरएमजी) कंपनियों को 55,000 करोड़ रुपए के जीएसटी बकाए को लेकर एक दर्जन प्री-शोकॉज नोटिस भेजे हैं। जानकारी के अनुसार फैंटेसी स्पोर्ट्स प्लेटफॉर्म ड्रीम 11 को 25,000 करोड़ रुपए से अधिक का जीएसटी नोटिस जारी किया गया है, जो देश में दिया गया अब तक का सबसे बड़ा इनडायरेक्ट टैक्स नोटिस होगा।
खास बात ये है कि सरकार ने ऑनलाइन रियल मनी गेमिंग कंपनियों से कमाई करने के लिए पूरे एक लाख करोड़ रुपए का प्लान बना लिया है। उद्योग से जुड़े अधिकारियों ने कहा कि आने वाले हफ्तों में और अधिक नोटिस मिलने की उम्मीद है। डीजीजीआई ऑनलाइन रियल मनी गेमिंग कंपनियों से कुल 1 लाख करोड़ रुपए तक जीएसटी डिमांड कर सकती है। अधिकारियों द्वारा डीआरसी-01 ए फॉर्म के माध्यम से पेयेबल टैक्स इंटीमेशन जारी किया जाता है। जीएसटी की भाषा में इसे प्री-शोकॉज नोटिस कहा जाता है। यह डिपार्टमेंट की ओर से कारण बताओ नोटिस जारी करने से पहले जारी किया जाता है।